
मुजफ्फरपुर में एक स्कूल प्रिंसिपल और उसी स्कूल की शिक्षिका के बीच प्रेम, शादी और फिर विवाद की यह कहानी इन दिनों काफी चर्चा में है। मुजफ्फरपुर के एक प्राइवेट स्कूल के 60 वर्षीय संचालक राकेश साह और उसी स्कूल की 28 वर्षीय शिक्षिका शाइस्ता परवीन की प्रेम कहानी अब पुलिस और कोर्ट की दहलीज तक पहुँच गई है।
क्लासरूम से शादी तक;
दरअसल, दोनों की शुरूआत मुजफ्फरपुर के एक ही स्कूल में कार्यरत थे। साल 2025 में इनके बीच बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ, जो धीरे-धीरे प्यार में बदल गया। वहीं, 18 फरवरी को दोनों मुजफ्फरपुर से नेपाल के जनकपुर चले गए, जहाँ उन्होंने शादी कर ली। शादी के बाद दोनों ने सोशल मीडिया पर अपनी तस्वीरें और वीडियो साझा किए, जिसके बाद यह मामला सार्वजनिक हुआ और तनाव फैल गया।
भाई के गंभीर आरोप;
शाइस्ता के भाई ने औराई थाने में अपहरण और जबरन धर्म परिवर्तन की प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराई है। उनके आरोप है कि राकेश साह ने बहन को डरा-धमकाकर और बहला-फुसलाकर उसका अपहरण किया। साथ ही शाइस्ता का जबरन धर्म परिवर्तन कराया गया है। वहीं, भाई ने राकेश साह की पत्नी और बच्चों समेत 7 लोगों को इस मामले में नामजद आरोपी बनाया है।
शाइस्ता का बयान और वर्तमान स्थिति;
तनाव के बीच शाइस्ता परवीन का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें उन्होंने अपनी स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि उन्होंने अपनी मर्जी से और सोच-समझकर राकेश साह से शादी की है। उन्होंने वीडियो में ये भी कहा कि वे सुरक्षित हैं और राकेश साह पर लगाए गए आरोप निराधार और झूठे हैं।
अस्पताल में भर्ती और पुलिस कार्रवाई;
इस मामले में सबसे चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब शादी के महज तीन दिन बाद, यानी 21 फरवरी को शाइस्ता ने एक बेटी को जन्म दिया।
वर्तमान स्थिति विवरण
शाइस्ता की लोकेशन सीतामढ़ी के एक निजी अस्पताल में पुलिस कस्टडी में भर्ती।
स्वास्थ्य माँ और बच्ची दोनों का इलाज चल रहा है।
कानूनी प्रक्रिया स्वस्थ होने के बाद शाइस्ता को बयान दर्ज कराने के लिए कोर्ट में पेश किया जाएगा।
राकेश साह फिलहाल फरार हैं, पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है।