
सिखों के दसवें गुरु गोविंद सिंह महाराज का 359वां प्रकाश पर्व पटना साहिब में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया जाएगा। देश-विदेश से आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के स्वागत को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में हैं। इस अवसर पर बिहार सरकार ने व्यापक प्रबंध किए हैं, जिनमें पहली बार श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए काउंटिंग मशीनें लगाने के साथ-साथ पटना से राजगीर तक 15 मुफ्त बसों के संचालन की व्यवस्था की गई है।
बिहार के पर्यटन मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने बताया कि राज्य सरकार गुरु गोविंद सिंह महाराज के 359वें प्रकाश पर्व को ऐतिहासिक स्वरूप देने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष पहली बार बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं की सटीक संख्या का आकलन करने के उद्देश्य से काउंटिंग मशीनें लगाई जाएंगी, जिसकी व्यवस्था पर्यटन विभाग ने की है। वहीं, श्रद्धालुओं की यात्रा को आसान बनाने के लिए परिवहन विभाग ने विशेष पहल करते हुए 23 दिसंबर, मंगलवार को सुबह 7:30 बजे से गुरुद्वारा पटना साहिब से शीतल कुंड, राजगीर तक 15 विशेष मुफ्त बसों का संचालन करने का निर्णय लिया है। यह बस सेवा 23 से 28 दिसंबर तक उपलब्ध रहेगी, जिससे श्रद्धालु पटना साहिब के साथ-साथ राजगीर के प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों का भी दर्शन कर सकेंगे।
दरअसल, पर्यटन मंत्री ने कहा कि प्रकाश पर्व के अवसर पर बड़ी संख्या में संगतों के पटना साहिब पहुंचने की संभावना को देखते हुए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुदृढ़ की गई हैं। गुरुद्वारा पटना साहिब और उसके आसपास साफ-सफाई, आकर्षक रोशनी, पेयजल, शौचालय, चिकित्सा सुविधा और सुरक्षा इंतजामों को विशेष रूप से मजबूत किया गया है। इस संबंध में सभी संबंधित विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पटना साहिब न केवल सिख धर्म का प्रमुख तीर्थ स्थल है, बल्कि बिहार की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत का महत्वपूर्ण केंद्र भी है, और राज्य सरकार इसे वैश्विक धार्मिक पर्यटन मानचित्र पर और सशक्त रूप से स्थापित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

