
बिहार में बढ़ती आपराधिक घटनाओं और विपक्ष के तीखे हमलों के बीच उप-मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एक बड़ा और कड़ा बयान जारी किया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि अब अपराधियों के साथ कोई नरमी नहीं बरती जाएगी। सरकार ने बिहार पुलिस को ‘फ्री हैंड’ (पूरी छूट) दे दी है, ताकि राज्य में कानून का राज सख्ती से स्थापित किया जा सके। सम्राट चौधरी का यह बयान उन अपराधियों के लिए सीधी चेतावनी माना जा रहा है जो कानून को चुनौती दे रहे हैं।
पुलिस को मिली खुली छूट, राजनीतिक दबाव खत्म
मीडिया से बातचीत करते हुए सम्राट चौधरी ने कहा, “बिहार पुलिस को अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए हमने पूरी तरह स्वतंत्र कर दिया है। पुलिस प्रशासन पर अब किसी भी तरह का राजनीतिक दबाव नहीं है।” उन्होंने जोर देकर कहा कि पुलिस अब अपराधियों की कुंडली खंगालने और उन पर नकेल कसने के लिए स्वतंत्र रूप से कार्य कर रही है। सरकार का स्पष्ट निर्देश है कि जनता की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करने वालों का हिसाब अब तुरंत किया जाएगा।
विपक्ष के ‘जंगलराज’ वाले आरोपों पर पलटवार
विपक्ष द्वारा लगातार गिरती कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार को घेरे जाने पर सम्राट चौधरी ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल राजनीति के लिए सवाल उठाता है, जबकि धरातल पर पुलिस लगातार अपराधियों को सलाखों के पीछे भेज रही है। उन्होंने जनता को आश्वस्त किया कि पुलिस की यह सक्रियता जल्द ही राज्य में अपराध दर को न्यूनतम स्तर पर ले आएगी।
बिहार की समृद्धि और सुरक्षा का संकल्प
सम्राट चौधरी ने राजनीतिक बयानबाजी के साथ-साथ बिहार की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक छवि का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि “पूरा बिहार भगवान की भक्ति में लीन है और हम चाहते हैं कि यहाँ शांति और सुरक्षा का माहौल बना रहे।” उन्होंने संकल्प दोहराया कि बिहार की उन्नति के मार्ग में जो भी अपराधी बाधा बनेगा, पुलिस उसका ‘ऑन द स्पॉट’ हिसाब करने के लिए सक्षम है।
प्रशासनिक खेमे में हलचल
उप-मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद पुलिस मुख्यालय भी सतर्क हो गया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में बिहार के विभिन्न जिलों में बड़े एनकाउंटर या विशेष छापेमारी अभियान देखने को मिल सकते हैं। सरकार का यह रुख साफ करता है कि 2025 के चुनावी साल में नीतीश-सम्राट की जोड़ी ‘क्राइम’ के मुद्दे पर कोई रिस्क नहीं लेना चाहती।


