
बिहार में ‘वोट अधिकार यात्रा’ की शुरुआत के मौके पर आयोजित एक जनसभा में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) नेता तेजस्वी यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार बिहारियों को ‘चूना लगाना’ चाहती है, लेकिन यह बिहार है, जहां ‘चूना खैनी के साथ रगड़ दिया जाता है।’
रविवार को रोहतास जिले के सासाराम से शुरू हुई इस यात्रा में राहुल गांधी, लालू यादव, राबड़ी देवी, और वाम दलों के नेता भी शामिल हुए। यह यात्रा बिहार में वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटीग्रेटेड रिवीजन (SIR) के दौरान कथित तौर पर 35 लाख से अधिक मतदाताओं के नाम काटने के विरोध में निकाली जा रही है।
तेजस्वी ने अपने भाषण में कहा कि यह सिर्फ वोट की चोरी नहीं, बल्कि खुलेआम डकैती है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी बिहारियों को कमजोर समझ रहे हैं, लेकिन यहां का हर बच्चा तीखी मिर्ची वाला काम करता है। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि बीजेपी अपने गलत काम सीधे नहीं करती, बल्कि चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्थाओं से करवाती है।
आरजेडी नेता ने कहा कि संविधान ने हर गरीब, कमजोर और अमीर को वोट देने का अधिकार दिया है, लेकिन बीजेपी यही अधिकार छीनने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग ने कई जिंदा लोगों को मृत घोषित कर दिया, जिनसे राहुल गांधी ने मुलाकात की और उन्हें न्याय के लिए सुप्रीम कोर्ट भेजा।
तेजस्वी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भी हमला बोलते हुए उन पर अपनी नीतियों की नकल करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि नीतीश सरकार ने उनकी कई योजनाओं की नकल की, जैसे 1500 रुपये पेंशन में बढ़ोतरी (जो 1100 रुपये बढ़ाई गई), डोमिसाइल नीति, और एग्जाम फॉर्म फीस माफ करने की घोषणाएं। उन्होंने बिहार की जनता से अपील करते हुए कहा कि 20 साल नीतीश को और 11 साल मोदी को देख लिया है, अब इस ‘खटारा सरकार’ को बदलने का समय आ गया है।